सूर्य की ओर मानवता के दूत : एक नजर प्रमुख सौर अभियानो पर

विज्ञान विश्व

हमारे सौरमंडल का केंद्र और पृथ्वी पर जीवन का प्रथम कारण “सूर्य” जो एक दहकता हुआ खगोलीय पिंड है। हमारी पृथ्वी की तरह सौरमंडल के अन्य ग्रह भी सूर्य के चक्कर लगाते हैं। और सूर्य से इन्हें प्रकाश मिलता है जिससे इनका ताप बना रहता है। हमारी पृथ्वी से सूर्य की दूरी लगभग 15 करोड़ किलोमीटर है। और इसका द्रव्यमान पृथ्वी के द्रव्यमान की तुलना में लगभग 332000 गुना है। यह मुख्य रूप से हाइड्रोजन और हीलियम से मिलकर बना है।

सूर्य के उच्च ताप एवं उसके आंतरिक हेलिओस्फियर (हमारी सौर प्रणाली का सबसे भीतरी क्षेत्र) का अध्ययन करने के लिए भिन्न भिन्न देशों के वेेधशालाओं ने सौर अभियान शुरू किया जिनमें कुछ सफल हुए और कुछ असफल। प्रस्तुत है इनमें से कुछ का संक्षिप्त विवरण:

1- पायनीर (pioneer) मिशन

पायोनीर(Pioneer10-11) पायोनीर(Pioneer10-11)

वर्ष 1959 और 1968 के मध्य सूर्य पर अध्ययन करने के लिए नासा द्वारा पायनीर 5,6,7,8 और 9 उपग्रह…

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